कमरा नंबर 271 | दूल्हे के मौत का राज | horror story in hindi

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 कमरा नंबर 271 | दूल्हे के मौत का राज | horror story in hindi 

यह एक horror story है जो एक कमरे के रहस्य पर है 

horror story in hindi


एक होटल जिसका नाम भानु पैलेस  ( bhanu palace ) है यह हिमाचल परदेश में है  इस होटल का खाना जितना लोकप्रिय है उससे भी ज्यादा इस होटल का कमरा नंबर 271 लोकप्रिय है इस कमरे की यह खास बात है की

 इस कमरे से बहुत अच्छा नजारा दिखता है यह कमरा अब खाली ही रहेता है और नाही किसी को जाने की अनुमति है अफवा फैली है की इस कमरे में  शादी सुधा जोड़े आए थे उसमे से दुल्हन आत्मा हत्या कर लेती है उस वक्त से यह कमरा में बंद हो गया  आइए जानते है किया हुआ जब कोई उस कमरे में जानबूझकर जाता है फिर ..

रात के 8 बज रहे है एक शादी सुधा जोड़ा भानु पैलेस मे आता

है अपने लिए कमरा बुक करता है 

फिर कुछ समय बाद चार लोग आते है जो घूमने आए  है हिमाचल परदेश क्युकी बहुत समय से वो एक साथ कही घूमने नही गए तो आते है और कमरा बुक करने के लिए उन्हें दो कमरे चाहिए मगर एक ही कमरा खाली है फिर उसमे से एक लड़का जिसका नाम रिशी है वो कहता है अरे एक वो वाला कमरा भी तो खाली है 271 

होटल का स्टाफ कहता है नही वो कमरा देना माना है आप लोग शायद नए है इस जगह पे 

अब उसमे से एक लड़की नीलम कहती है रिशी रहने दो हम चार एक रात में रह लेंगे 

नीलम : मैडम आप एक ही कमरा दे दो जो खाली हो 

अब जो बाकी के दो लोग है इमरान और नीता सब मिल के उस कमरे में जाते है कमरा नंबर 249 रिशी कहता है अरे ये तो उसी कमरे के पास में है और रिशी चुपके से कमरा नंबर 271 की चाबी रख लेता है 

और कमरा नंबर 249 में जा कर कहता है यह देखो

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चाबी 271 कमरे की कोन जायेगा मेरे साथ इमरान तुम 

इमरान : नहीं में नहीं जाऊंगा रास्ते में आते वक्त सब उसी कमरे की बात कर रहे थे यह है साया है वो है 

में नही जाऊंगा 

रिशी: तुम नीता ?

नीता : नही पागल कुत्ते ने काटा है किया 

रिशी : नीलम और में उस कमरे में जा कर सो जाते है 

नीलम : दूर हट तू मेरे साथ 

में अकेले जाऊंगी उस कमरे में तुम तीनो यहां सो जाओ

रिशी : एशा थोड़ी होता है मेने निकली है यह चाबी मुश्किल से 

नीलम : बस कुछ नही सुनना 

नीलम उसी कमरे 271 में जा कर सो जाती है और दरवाजा लॉक कर लेती है  

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और इमरान ,नीता , रिशी 249 कमरे में रहते है 

अब 

नीलम इतना सुंदर कमरा बहुत बढ़िया है , यहां का नजारा कितना सुंदर है फालतू के अफ़वा फैली है बस और कुछ नहीं अब सुबह होते ही सब लोग निकल जाते है और वोह कमरा भी बंद कर देते है जो कमरे की चाबी 271 की रिशी ने चुपके से ली थी 

अब 

कमरा नंबर 258 देखते है हम वह कमरा जो एक शादी सुधा जोड़े ने लिया था दूल्हे  की मौत हो गई है और खून बह रहा है पूरी तरह से वह कमरा भरा है खून से और दुलहन कुछ नहीं समझ पा रही की क्यू मारा रो रही है 

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अब नीलम और बाकी दोस्त सब अपने घर के लिए निकलते है मगर नीलम अब कुछ अलग बात कर रही थी सारे दोस्त यह कह रहे थे की नीलम कल से बदली हुई लग रही है 

मगर ज्यादा कोई ध्यान नहीं देता 

नीलम ने रास्ते पे एक शादी सुधा जोड़ा देखा उससे गुस्सा आने लगा अचानक से 

रात के समय वह शादी सुधा जोड़ा आराम कर रहा है तभी नीलम आई और दूल्हे की गर्दन को मोड़ दिया और दुलहन  को कहा चली जा यहां से नहीं तो तेरा भी किस्सा खतम हो जायेगा वह दुलहन उससे छोड़ के चली जाती है और नीलम उससे दुलहे को बुरी तरह से हत्या कर देती है ।


किसी को पता नहीं चला जैसे कोई शक्ति हो उसके पास 

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नीलम रात के समय अपने घर में मां पिता के साथ है खाना खा पी के सो जाती है 

अगली सुबह नीलम के  पिता परेशान है की सुबह के दस बज गए और नीलम अभी तक नही उठी हर बार तो 6 बज उठ जाया करती है 

नीलम की मां : बाहर से सफर कर के आई है हो सकता है की थकी हो 

अब नीलम के पिता जाते है और उससे उठाते है की उठो बेटा हमे आज एक शादी में जाना है 

नीलम उठ जाती है कहती है ठीक है पापा ।

आज शाम को तुम्हारे दोस्त की शादी है और याद है ना 

नीलम : हां पापा 

शाम होते ही नीलम तैयार हो कर निकलती है और वह सारे दोस्त इमरान , रिशी सब एक जगह मिलने वाले है 

सब एक दूसरे को देख के खुश होते है और नीता भी जिसकी आज शादी है 

शादी के समय जब नीलम दूल्हे का चेहरा देखती है तो उसके आंख लाल होने लगते हैं जैसे बहुत गुस्से में हो नीलम अपने आप पर नियंत्रण करती है 

शादी होने के बाद नीलम नीता के कमरे में जाती है शुभकामनाएं देने अकेले तभी नीलम अपने हाथ से अभिषेक को उठा लेती है जिसने अभी शादी की थी नीता से और कहती है तू मिल गया मुझे 

नीता : यह किया कर रही हो तुम छोड़ो उससे वो मेरा पति है 

नीलम : यह किसी का पति नही हो सकता 

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नीता :  पूरी जोड़ लगा के नीलम के सर पे एक डंडा मारती है नीलम घायल हो जाती है कहती है भागो अभिषेक , भागो 


सभी लोगों ने नीलम के हाथ पैड बांध दिए 

नीलम : छोड़ो मुझे , आज में मार दूंगी उससे 

सब को यही लगता है की इससे कुछ हो गया या बुरा साया  आ गया है इस पर

एक बाबा को बुलाया जाता है 

कहते है एक साया है जो बदले के आग में है यह 

बता किया मक़सद है तेरा 

नीलम : में नीलम नही हु 

सब के होश उड़ जाते है 

तो कोन हो तुम 

में समीक्षा हू उस अभिषेक ने मेरी जिंदगी बर्बाद कर दी 

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बाबा : किया हुआ तुम बताओ 

समीक्षा : में अपने मां के साथ गांव में  रहती थी 

मेरे लिए एक रिश्ता आया एक लड़के का जिसका नाम रणवीर है उसने मुझ से कहा की में तुम्हे खुश रखूंगा और मेरी मां को भी अपने साथ रखेगा 

उसने कहा की ये गांव का घर बेच दो तुम हम लोग शहर में जा कर रहेंगे हमने सब कुछ बेच दिया और अंधे की तरह जो रणवीर कहता रहा हमने किया उसने मुझ से शादी भी की और हम लोग भानु पैलेस में आए कमरा नंबर 271 में उसने रात भर मेरे साथ अच्छी बाते की कहा तुम आराम करो और सुबह होते ही मैने देखा मेरे सारे गहने और पैसे उसने ले लिए अब जा रहा था 

किसी दूसरे के पास मेने उसे धमकी दी उसने मुझे उसने उसी कमरे में मार दिया और ऐश दिखाया की मेने आत्मा हत्या की है मेरी मां को ऐश ही छोड़ दिया कही 

मुझे पता चला कई सारे लोग ऐसा नाटक करते है अपना नाम बदल के दूसरे का विश्वास जीतते है और धीरे धीरे उसे बरबाद कर देते 

इसीलिए मेने उन सभी रणवीर के जैसे उन को भी मार दिया अब रणवीर की बारी है 

नीता : तो इसमें अभिषेक की किया गलती है ?

समीक्षा : क्युकी तुम्हारा अभिषेक ही वो रणवीर है कई सारे लोग ऐसा काम करते है अपना नाम बदल के दूसरे के जीवन में घुसते है और धीरे धीरे बरबाद कर देते है 

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सब सदमे में चले जाते है 

नीता समीक्षा के हाथ खोल देती है मतलब नीलम के 

और समीक्षा की आत्मा जो नीलम के शरीर में थी वो अभिषेक के पास जा कर के 

कहती है : बहुत हो गया चूहे बिल्ली का दौड़ अब यह बिल्ली चूहे का खात्मा करेगी

अभिषेक : नही मुझे माफ कर दो 

नीलम : तुझे माफ कर दू 

उसकी गर्दन पकड़ के ऊपर ले जाती है और उपर से नीचे गिरती है बार बार ऐसा करती है उसकी हाथ , रीड की हड्डी टूट गई और आखरी में नीलम ने कहा उसके कान में नर्क मुबारक हो अभिषेक और गला काट आधा गला काट के ऐश ही छोड़ देती है उसके शरीर से धीरे धीरे खून निकलता है और उसकी मौत हो जाती है ।

इस बदले के पूरा होते ही समीक्षा की आत्मा चली जाती है 

यह horror story hindi में है में उम्मीद करता हु यह कहानी आपको अच्छी लगी हो हमारी भूतिया कहानी ( bhutiya kahani ) भी जरूर पढ़े जो एक bhutiya sadak पे है और रहस्म्य लॉकेट

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